रूस-यूक्रेन युद्ध और खाड़ी क्षेत्र के तनाव के बीच भारत ने बनाए रणनीतिक रिश्ते; अमित शाह बोले- पहली तिमाही में 7.8% रही GDP ग्रोथ
पणजी, 7 सितंबर 2026। दुनिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और आर्थिक अनिश्चितता के बीच भारत ने अपनी आर्थिक रफ्तार बनाए रखी है। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने सोमवार को कहा कि वैश्विक परिस्थितियों के बावजूद भारत ने दूसरे देशों के साथ संवाद, रणनीतिक साझेदारी और व्यापारिक समझौतों के जरिए अपनी आर्थिक गति को कायम रखा।
पणजी में गोवा पुलिस को President’s Colour प्रदान करने के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अमित शाह ने रूस-यूक्रेन युद्ध और खाड़ी क्षेत्र में जारी संघर्ष का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ समय से वैश्विक कूटनीतिक माहौल में काफी अस्थिरता रही है, लेकिन भारत ने इस दौरान दुनिया के साथ अपना जुड़ाव बढ़ाया।
22 देशों की यात्रा और 15 देशों के राष्ट्राध्यक्षों का भारत दौरा
अमित शाह ने कहा कि पिछले एक साल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 22 देशों की यात्रा की, जबकि करीब 15 देशों के राष्ट्राध्यक्ष भारत आए। उनके मुताबिक, इस सक्रिय कूटनीतिक संपर्क से भारत ने वैश्विक स्तर पर अपने संबंधों को मजबूत किया।
उन्होंने कहा कि जब दुनिया आर्थिक अनिश्चितता और संघर्षों से जूझ रही थी, उस समय भारत ने दूसरे देशों के साथ संवाद बढ़ाया और रणनीतिक साझेदारियां कायम कीं। रक्षा, तकनीक, ऊर्जा, निवेश और व्यापार जैसे क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण समझौते भी हुए।
9 फ्री ट्रेड एग्रीमेंट का जिक्र, 38 देशों के साथ आगे बढ़ी बातचीत
अमित शाह ने कहा कि 2026 तक भारत ने 9 फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पूरे किए हैं, जबकि 38 देशों के साथ व्यापारिक समझौतों की दिशा में काम किया जा रहा है।
उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात, ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, ओमान, न्यूजीलैंड और यूरोपीय संघ के साथ व्यापार समझौतों का भी उल्लेख किया। शाह के अनुसार, इन समझौतों से भारत के व्यापार को नई गति मिली है।
पहली तिमाही में 7.8% GDP ग्रोथ का हवाला
अमित शाह ने कहा कि वैश्विक अस्थिरता के बीच भारत की आर्थिक गतिविधियों का विस्तार जारी रहा। उन्होंने वित्त वर्ष 2026-27 की अप्रैल-जून तिमाही में 7.8 प्रतिशत GDP ग्रोथ का हवाला देते हुए इसे भारत की आर्थिक मजबूती से जोड़ा।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार भी अप्रैल-जून 2026 की तिमाही में भारत की GDP वृद्धि दर 7.8 प्रतिशत रही है। हालिया रिपोर्टों में इस आंकड़े को लेकर आर्थिक विश्लेषण और बहस भी सामने आई है, लेकिन सरकार ने नई GDP गणना पद्धति का बचाव किया है।
भारत की वैश्विक भूमिका का भी किया जिक्र
गृह मंत्री ने कहा कि भारत ने सिर्फ आर्थिक क्षेत्र में ही प्रगति नहीं की, बल्कि दूसरे देशों के साथ अपने अनुभव और क्षमताएं भी साझा की हैं। उन्होंने Vaccine Maitri, Digital Public Infrastructure और आपदा राहत एवं क्षमता निर्माण के क्षेत्र में भारत की मदद का उल्लेख किया।
अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वैश्विक पहुंच और लगातार प्रयासों से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की कूटनीतिक स्थिति मजबूत हुई है।
2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य
अमित शाह ने अपने संबोधन में 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकसित भारत का जो विजन सामने रखा है, वह अब देशवासियों के संकल्प में बदल रहा है।
कार्यक्रम के दौरान उन्होंने गोवा पुलिस की भूमिका की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि पुलिस ने आंतरिक सुरक्षा, तटीय सुरक्षा और पर्यटकों की सुरक्षा के साथ राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
